बुधवार, 10 नवंबर 2021

डूबते सूर्य को अरघ(छठ पूजा)

 

हमारे घर के कैम्पस में घाट सजकर तैयार हो गया...जो देखने में बहुत सुंदर लग रहा है,सब माता की कृपा है।घाट के चारों कोने पर लगा केले का थम...और फूल की माला से सजावट बहुत अच्छा लग रहा है।हमारे घर में मेरी मामी,मम्मी दीदी और भाई छठ व्रत किए हैं...सब छठ व्रती ने डूबते सूर्य देव और छठ मईया को नमन किया,उनकी आरती उतारी...सब बहुत मंगलमय रूप से हुआ।हम सबने छठ गीत भी गाए...बच्चों के संग हमारे राजू मामा ने फटाखे भी छोड़े....फोटो डालती हूँ....

हर इंसान में एक मासूम बच्चा होता है,जिसे हर उम्र में हमें अपने अंदर सलामत रखना चाहिए....इससे जीवन का सही आनंद मिलता है।

डाला जगाना....

भक्ति और श्रद्धा का पावन पर्व है " छठ "....
कल सुबह उगते सूर्य को अरघ दिया जाएगा....
आज के लिए बस इतना ही,कल फिर मिलते हैं....
----- अनुगुंजा



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